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Hate Shayari With Image in Hindi

अपनी नफरतों पे मैं इक किताब लिखूँगा
अपनी नफरतों पे मैं इक किताब लिखूँगा,
तेरे सारे ज़ुल्मों का हिसाब लिखूँगा।



तूने जो किया गुनाह हम तुझे माफ़ न करेंगे
तूने जो किया गुनाह
हम तुझे माफ़ न करेंगे,
अगर मिल भी गए किसी और जनम में
हम तब भी तुझसे नफरत ही करेंगे।



सोच-समझ कर नफरत करना जिंदगी की गाडी कही रुक न जाये
सोच-समझ कर नफरत करना,
जिंदगी की गाडी कही रुक न जाये,
और तुम्हारी ये नफरत
कही इसकी वजह न बन जाये।



यह भी देखिए:
तुम्हारा नाम अब तक लेता हूँ क्यूंकि प्यार है अब तलक
तुम्हारा नाम अब तक लेता हूँ क्यूंकि
प्यार है अब तलक,
जिस दिन मेरी जुबां पे तेरा नाम न आये,
समझ जाना कि, नफ़रत हो गयी है तुझसे।



किसी को नफरत हैं मुझसे और कोई प्यार कर बैठा
किसी को नफरत हैं मुझसे और कोई प्यार कर बैठा,
किसी को यकिन नहीं मेरा और कोई एतवार कर बैठा।



लेकर के मेरा नाम वो मुझे कोसता है
लेकर के मेरा नाम वो मुझे कोसता है,
नफरत ही सही पर वो मुझे सोचता तो है।



जिसकी अहंकार पुरखो कि कमाई पर पले
जिसकी अहंकार पुरखो कि कमाई पर पले है,
आज वो हमसे नफरत कि लड़ाई जितने चले है।



यह भी देखिए:
प्यार में बेवफ़ाई मिले तो गम ना करना
प्यार में बेवफ़ाई मिले तो गम ना करना,
अपनी आँखें किसी के लिए नम न करना,
वो चाहे लाख नफरते करे तुझसे,
पर तुम अपना प्यार कभी उसके लिए कम मत करना।



बड़ी हसीन थी जिंदगी जब ना किसी से मोहब्बत न किसी से नफरत थी
बड़ी हसीन थी जिंदगी,
जब ना किसी से मोहब्बत न किसी से नफरत थी,
जिंदगी में एक मोड़ ऐसा आया मोहब्बत उससे हुई,
और नफरत सारी दुनिया से हो गयी।



गलत जिंदगी नहीं गलत लोग है
गलत जिंदगी नहीं, गलत लोग है,
नफरत भरी दुनिया नहीं, नफरत भरे लोग है।



तेरे हर एक अक्स से नफरत होने लगी
तेरे हर एक अक्स से नफरत होने लगी,
कुछ इस कदर हमें खुद से मोहब्बत होने लगी।



मोहब्बत जब नफरत में बदल जाये
मोहब्बत जब नफरत में बदल जाये
तो बहुत कुछ बर्बाद कर देती है,
हर सपना टूट जाता है
और यह कभी ना भरने वाला जख्म देती है।



जब नफरत करते करते थक जाओ
जब नफरत करते करते थक जाओ,
तब एक मौका प्यार को भी दे देना।



खुदा सलामत रखना उन्हें जो हमसे नफरत करते है
खुदा सलामत रखना उन्हें
जो हमसे नफरत करते है,
प्यार ना सही नफरत ही सही
कुछ तो है जो सिर्फ हमसे करते है।



झूठी नफरत को जताना छोड़ दे
झूठी नफरत को जताना छोड़ दे,
भिगों के खत मेरा जलाना छोड़ दे।



मुझसे नफरत की अजब राह निकली उसने
मुझसे नफरत की अजब राह निकली उसने,
हँसता बसता दिल कर दिया खाली उसने,
मेरे घर की रिवायत से वोह खूब था वाकिफ,
जुदाई माँग ली बन के सवाली उसने।



मोहब्बत हो या नफरत हो दिल की बात
मोहब्बत हो या नफरत हो, दिल की बात,
कहीं ना कहीं साफ झलक हीं जाती है।



कुछ इस अदा से निभाना है किरदार मेरा मुझको
कुछ इस अदा से निभाना है
किरदार मेरा मुझको,
जिन्हें मुहब्बत ना हो मुझसे वो
नफरत भी ना कर सके।



नफरत एक बहुत बड़ा रोग है इसलिए दुआ है
नफरत एक बहुत बड़ा रोग है
इसलिए दुआ है,
जो भी मुझसे नफरत करते है
वो जल्द ही ठीक हो जाये।



इतनी शिद्दत से तो वो ही नफ़रत कर सकता है
इतनी शिद्दत से तो वो ही नफ़रत कर सकता है,
जिसने उतनी ही शिद्दत से सच्चा प्यार किया हो।



नफरत सी होने लगी है इस सफर से अब
नफरत सी होने लगी है इस सफर से अब,
ज़िन्दगी कही तो पहुचा दे खत्म होने से पहले।



दिल टुटना लाज़मी था इस शहर में
दिल टुटना लाज़मी था इस शहर में,
जहाँ हर कोई दिल में नफरत लिये चलता है।



बैठकर सोचते है कि हमने क्या पाया
बैठकर सोचते है कि हमने क्या पाया,
उनकी नफरत ने तोड़े है मेरे कई वफ़ा के घर।



नफरत हो दिल में तो मिलने का मजा नहीं आता है
नफरत हो दिल में तो मिलने का मजा नहीं आता है,
वो आज भी मिलता है पर दिल कही और छोड़ आता है,



नफरत कभी न करना तुम हमसे ये हम सह नहीं पायेंगे
नफरत कभी न करना तुम हमसे
ये हम सह नहीं पायेंगे,
एक बार कह देना हमसे ज़रूरत नहीं अब तुम्हारी
तुम्हारी दुनिया से हसकर चले जायेंगे।



हम से प्यार करो या नफरत वो तुम्हारे इरादे की बात है
हम से प्यार करो या नफरत
वो तुम्हारे इरादे की बात है,
प्यार करोंगे तो दिल में रहोगे
लेकिन नफरत करोंगे तो दिमाग में।



अगर इतनी ही नफरत है हमसे तो दिल से कुछ ऐसी दुआ करो
अगर इतनी ही नफरत है हमसे
तो दिल से कुछ ऐसी दुआ करो,
की आज ही तुम्हारी दुआ भी पूरी हो जाये
और हमारी ज़िन्दगी भी।



कोई तो वजह होगी बेवजह कोई नफरत नहीं करता
कोई तो वजह होगी
बेवजह कोई नफरत नहीं करता,
हम तो उनके दिल की समझते है
वो हमें समझने की कोशिश नहीं करता।



उसने नफ़रत से जो देखा है तो याद आया
उसने नफ़रत से जो देखा है तो याद आया,
कितने रिश्ते उसकी ख़ातिर यूँ ही तोड़ आया हूँ,
कितने धुंधले हैं ये चेहरे जिन्हें अपनाया है,
कितनी उजली थी वो आँखें जिन्हें छोड़ आया हूँ।



कभी उसने भी हमें चाहत का पैगाम लिखा था
कभी उसने भी हमें चाहत का पैगाम लिखा था,
सब कुछ उसने अपना हमारे नाम लिखा था,
सुना है आज उनको हमारे जिक्र से भी नफ़रत है,
जिसने कभी अपने दिल पर हमारा नाम लिखा था।



चला जाऊँगा मैं धुंध के बादल की तरह
चला जाऊँगा मैं धुंध के बादल की तरह,
देखते रह जाओगे मुझे पागल की तरह,
जब करते हो मुझसे इतनी नफरत तो क्यों,
सजाते हो आँखो में मुझे काजल की तरह।



नफ़रत हो जायेगी तुझे अपने ही किरदार से
नफ़रत हो जायेगी तुझे अपने ही किरदार से,
अगर मैं तेरे ही अंदाज में तुझसे बात करुं।



अपनी रंगीनियों से तुम मुझको दूर ही रखो
अपनी रंगीनियों से तुम मुझको दूर ही रखो,
कहीं ऐसा न हो कि मुझको तुमसे नफ़रत सी हो जाए।



बैठ कर सोचते है अब कि क्या खोया क्या पाया
बैठ कर सोचते है अब कि क्या खोया क्या पाया,
उनकी नफरत ने तोड़े हैं बहुत मेरी वफा का घर।



कोई तो हाल-ए-दिल अपना भी समझेगा
कोई तो हाल-ए-दिल अपना भी समझेगा,
हर शख्स को नफरत हो जरूरी तो नहीं।



कभी-कभी मोहब्बत का आगाज नफरत से हीं होता है
कभी-कभी मोहब्बत का आगाज नफरत से हीं होता है,
क्योंकि हर बार प्यार के आने का अलग अंदाज होता है।



जो लोग कहते है कि उन्हें प्यार से बहुत नफरत है
जो लोग कहते है कि उन्हें प्यार से बहुत नफरत है,
ये वही लोग है जिन्हें प्यार में सिर्फ नफरत ही मिलती है।



दुश्मन भी पेश आए है दिलदार की तरह
दुश्मन भी पेश आए है दिलदार की तरह,
नफ़रत मिली है उनसे सच्चे प्यार की तरह,
दुश्मन भी हो गए है मसीहा सिफ़त जमाल,
मिलते है टूट कर वो गले, पुराने यार की तरह।



न मोहब्बत संभाली गई न नफरतें पाली गईं
न मोहब्बत संभाली गई, न नफरतें पाली गईं,
अफसोस है उस जिंदगी का, जो तेरे पीछे खाली गई।



मिलना बिछड़ना सब किस्मत का खेल है
मिलना बिछड़ना सब किस्मत का खेल है,
कभी नफरत तो कभी दिलो का मेल है,
बिक जाता हैं हर रिश्ता दुनियां में,
सिर्फ दोस्ती का यहा नॉट पर सेल है।